रोहिणी नक्षत्र

Rohini Nakshatra Symbol

  

वृषभ राशि के १० अंश से २३ अंश २० कला तक जो नक्षत्र व्याप्त है उसे रोहिणी कहते हैं। वैदिक खगोल विज्ञान में यह चौथा नक्षत्र है। आधुनिक खगोल विज्ञान के अनुसार रोहिणी नक्षत्र को ऐल्डॅबरैन कहते हैं।

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Rohini Nakshatra Mantra 108 Times | Rohini Nakshatra Devta Mantra | Rohini Nakshatra Vedic Mantra

 

व्यक्तित्व और विशेषताएं

रोहिणी नक्षत्र में जन्म लेने वालों की विशेषताएं -

  • दृढ बुद्धि एवं विचार
  • सुन्दर
  • कुलीनता
  • मीठी बोली
  • क्रोधी
  • न्यायनिष्ठ
  • कार्यकुशलता
  • मां के साथ अच्छा संबन्ध
  • करुणा
  • मददार
  • सहानुभूति
  • मृदु व्यवहार
  • प्रकृति स्नेही
  • कला में रुचि
  • साहित्य में रुचि
  • कवित्व
  • कृतज्ञता
  • महिलाओं को स्त्रैण एवं मातृसहज स्वभाव 

प्रतिकूल नक्षत्र

  • आर्द्रा
  • पुष्य
  • मघा
  • मूल
  • पूर्वाषाढा
  • उत्तराषाढा धनु राशि

रोहिणी नक्षत्र में जन्म लेने वालों को इन दिनों महत्वपूर्ण कार्य नहीं करना चाहिए और इन नक्षत्रों में जन्मे लोगों के साथ भागीदारी नहीं करना चाहिए। 

स्वास्थ्य

रोहिणी नक्षत्र में जन्म लेने वालों को इन स्वास्थ्य से संबन्धित समस्याओं की संभावना है-

  • सर्दी खांसी
  • बुखार
  • गले में सूजन
  • थाइराइड
  • सिर दर्द
  • पैरों में दर्द
  • छाती में दर्द
  • सूजन
  • पेट में दर्द
  • महिलाओं के लिए माहवारी से संबन्धित समस्यायें 

व्यवसाय

रोहिणी नक्षत्र में जन्म लेने वालों के लिए कुछ अनुकूल व्यवसाय-

  • हॊटल
  • भवन निर्माण
  • फल
  • दूध
  • तेल
  • शीशा
  • साबुन
  • सुगन्ध द्रव्य
  • प्रसाधन सामग्रि
  • जल यान
  • प्लास्टिक
  • नौसेना
  • दवा
  • सिंचाई
  • कृषि
  • पशु पालन
  • भूमि व्यापार
  • ज्योतिष
  • पुरोहित
  • न्यायालय
  • कला और संगीत 

क्या रोहिणी नक्षत्र वाला व्यक्ति हीरा धारण कर सकता है?

हां। हीरा रोहिणी नक्षत्र में जन्मे लोगों के लिए लाभदायक है। 

भाग्यशाली रत्न

मोती। 

अनुकूल रंग

सफेद, चंदन 

रोहिणी नक्षत्र में जन्मे बच्चे का नाम

रोहिणी नक्षत्र के लिए अवकहडादि पद्धति के अनुसार नाम का प्रारंभिक अक्षर हैं-

  • पहला चरण - ओ
  • दूसरा चरण - वा
  • तीसरा चरण - वी
  • चौथा चरण - वू

नामकरण संस्कार के समय रखे जाने वाले पारंपरिक नक्षत्र-नाम के लिए इन अक्षरों का उपयोग किया जा सकता है।

शास्त्र के अनुसार नक्षत्र-नाम के अलावा एक व्यावहारिक नाम भी होना चाहिए जो रिकॉर्ड में आधिकारिक नाम रहेगा। उपरोक्त प्रणाली के अनुसार रखे जाने वाला नक्षत्र-नाम केवल परिवार के करीबी सदस्यों को ही पता होना चाहिए।

रोहिणी नक्षत्र में जन्म लेने वालों के व्यावहारिक नाम इन अक्षरों से प्रारंभ न करें - क, ख, ग, घ, ट, ठ, ड, ढ, अ, आ, इ, ई, श। 

वैवाहिक जीवन

रोहिणी नक्षत्र में जन्मे लोग सहानुभूति पूर्ण, मृदु भाषी और शान्त स्वभाव वाले होने के कारण अच्छे जीवन साथी बन सकते हैं। 

उपाय

रोहिणी नक्षत्र में जन्म लेने वालों के लिए शनि, राहु और केतु की दशाएं आमतौर पर प्रतिकूल होती हैं। वे निम्नलिखित उपाय कर सकते हैं।

मंत्र

ॐ प्रजापतये नमः 

रोहिणी नक्षत्र

  • स्वामी - प्रजापति
  • अधीश ग्रह - चन्द्रमा
  • पशु - सांप
  • वृक्ष - जामुन
  • पक्षी - शिकरा
  • भूत - पृथ्वी
  • गण - मनुष्य
  • योनि - सांप (स्त्री)
  • नाडी - अन्त्य
  • प्रतीक - गाड़ी 

 

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